दिल्ली : जम्मू-कश्मीर के बडगाम में सुरक्षाबलों को आतंकवाद के खिलाफ अभियान में बड़ी सफलता हासिल हुई है। यूसमर्ग के घने जंगलों में चलाए गए ऑपरेशन के दौरान लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े एक आतंकी को मार गिराया गया। अधिकारियों के मुताबिक मारे गए आतंकी की पहचान मोहम्मद आसिफ उर्फ हाशिम मूसा के रूप में हुई है।
यह कार्रवाई बीते मंगलवार की देर रात शुरू हुई। सुरक्षाबलों को यूसमर्ग के कोराग इलाके में आतंकियों की मौजूदगी की सूचना मिली थी। इसके बाद सेना जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ ने मिलकर इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
जंगल में हलचल दिखी तो जवानों ने घेरा
कोराग का इलाका पहाड़ों और घने जंगलों से घिरा हुआ है। सर्च ऑपरेशन के दौरान जवानों को संदिग्ध गतिविधि नजर आई। सुरक्षाबलों ने जब संदिग्धों को रुकने के लिए कहा तो दूसरी तरफ से फायरिंग शुरू कर दी गई।इसके बाद इलाके में गोलीबारी शुरू हो गई। सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई की और मुठभेड़ में एक आतंकी मारा गया। ऑपरेशन के बाद भी आसपास के जंगलों में तलाशी अभियान जारी रखा गया।
कौन था हाशिम मूसा?
अधिकारियों के मुताबिक मारा गया आतंकी मोहम्मद आसिफ उर्फ हाशिम मूसा था। उसे लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा एक महत्वपूर्ण आतंकी बताया गया है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, वह जम्मू-कश्मीर में कई आतंकी वारदातों के मामलों में था। मूसा लंबे समय से सुरक्षाबलों के रडार पर था। इससे पहले भी यूसमर्ग के पहाड़ी इलाकों में आतंकियों के खिलाफ ऑपरेशन चल चुके हैं।
पहले भी बच निकला था आतंकी
रिपोर्टों के मुताबिक 5 सितंबर 2026 को यूसमर्ग की पहाड़ियों में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई थी। इस कार्रवाई में मूसा का करीबी सहयोगी बताया जाने वाला यासिर मारा गया था, जबकि मूसा उस समय सुरक्षाबलों की पकड़ से निकल गया था।इसके बाद सुरक्षा एजेंसियां इलाके में उसकी तलाश कर रही थीं। ताजा ऑपरेशन में आखिरकार सुरक्षाबलों ने उसे घेर लिया और मुठभेड़ में मार गिराया।
चार आतंकियों का ग्रुप था एजेंसियों के निशाने पर
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक लश्कर से जुड़े आतंकियों का एक ग्रुप काफी समय से सक्रिय था। इस ग्रुप में जुनैद रमजान, तल्हा, यासिर और हाशिम मूसा के नाम सामने आए थे।बताया जाता है कि दिसंबर 2024 में जुनैद रमजान के खिलाफ हुई कार्रवाई के दौरान उसके मोबाइल से मिली तस्वीरों और अन्य जानकारी के जरिए एजेंसियों को इस नेटवर्क के बारे में अहम सुराग मिले थे।
इसके बाद अलग-अलग अभियानों में ग्रुप के अन्य सदस्यों के खिलाफ भी कार्रवाई हुई। अब हाशिम मूसा के मारे जाने के बाद सुरक्षाबलों ने यूसमर्ग और आसपास के जंगलों में तलाशी अभियान और तेज कर दिया है।
पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी
मुठभेड़ खत्म होने के बाद भी सुरक्षाबलों ने ऑपरेशन बंद नहीं किया है। जंगल और पहाड़ी इलाके में अतिरिक्त तलाशी ली जा रही है। ताकि किसी अन्य आतंकी की मौजूदगी की पुष्टि की जा सके।
सुरक्षाबलों का फोकस अब इलाके में छिपे संभावित आतंकियों हथियारों और अन्य संदिग्ध सामग्री की तलाश पर है।