प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए कनॉट प्लेस में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) ने सेंट्रल पार्क को 16 और 17 अक्टूबर को आम जनता के लिए बंद रखने की घोषणा की है। वहीं, दिल्ली पुलिस ने इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए निषेधाज्ञा लागू होने की जानकारी दी है। ऐसे में शाम को प्रस्तावित कार्यक्रम किस रूप में आयोजित होगा, इस पर सबकी नजर बनी हुई है।
CJP के ‘लहरा दो तिरंगा’ कार्यक्रम के पीछे क्या है वजह?
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने ‘लहरा दो तिरंगा’ अभियान के तहत लोगों से तिरंगा लेकर दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क में जुटने की अपील की है। यह आह्वान पार्टी के नेताओं आशुतोष रांका और सौरव दास को न्यायिक हिरासत में भेजे जाने के बाद किया गया।
CJP का कहना है कि राष्ट्रीय ध्वज फहराना लोकतांत्रिक अधिकार है। पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई है और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सवाल किए हैं। ये पार्टी की ओर से उठाए गए आरोप और मांगें हैं।
आशुतोष रांका और सौरव दास को पांच दिन की न्यायिक हिरासत
CJP के नेता आशुतोष रांका और सौरव दास को जंतर-मंतर से जुड़े मामले में पांच दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। पुलिस के अनुसार, दोनों नेताओं पर जंतर-मंतर में बिना अनुमति प्रवेश करने और शांति बनाए रखने से संबंधित बंधपत्रों का उल्लंघन करने के आरोप हैं।
CJP के नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। इस घटनाक्रम के बाद पार्टी ने ‘लहरा दो तिरंगा’ कार्यक्रम का ऐलान किया और अपने समर्थकों से इसमें शामिल होने की अपील की।
सेंट्रल पार्क 16 और 17 अक्टूबर को बंद
NDMC ने प्रशासनिक कारणों का हवाला देते हुए कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क को 16 और 17 अक्टूबर को आम जनता के लिए बंद रखने की घोषणा की है। प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए इलाके में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
दिल्ली पुलिस ने कनॉट प्लेस और आसपास के क्षेत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू होने की जानकारी दी है। इस व्यवस्था का उद्देश्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना और किसी संभावित अप्रिय घटना को रोकना है।
क्या दिल्ली में मार्च की अनुमति मिली है?
दिल्ली में प्रस्तावित बड़े मार्च को पुलिस की अनुमति नहीं मिली है। हालांकि, इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने मार्च पर रोक लगाने से इनकार किया है। इसका अर्थ यह नहीं है कि पुलिस की अनुमति मिल गई है या कार्यक्रम के आयोजन से जुड़ी सभी शर्तें समाप्त हो गई हैं।
रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस ने तिरंगा फहराने और राष्ट्रगान गाने के लिए सीमित संख्या में लोगों को किसी उपयुक्त स्थान पर अनुमति देने की संभावना जताई है। कार्यक्रम की वास्तविक स्थिति और प्रशासन के अगले कदम की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
दिल्ली ट्रैफिक पर पड़ सकता है असर
कनॉट प्लेस और मध्य दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाए जाने के कारण आसपास के इलाकों में यातायात प्रभावित होने की आशंका है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे घर से निकलने से पहले दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की आधिकारिक एडवाइजरी देखें और जरूरत के अनुसार वैकल्पिक मार्ग अपनाएं।



