नई दिल्ली: देश के करोड़ों किसानों के लिए आज, 30 अक्टूबर 2026 का दिन अहम है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के बनासकांठा से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना की 24वीं किस्त जारी करने वाले हैं। केंद्र सरकार की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, इस किस्त के तहत देशभर के 9.34 करोड़ से अधिक पात्र किसान परिवारों के बैंक खातों में 18,690 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि सीधे ट्रांसफर की जाएगी।

प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार, यह आयोजन गुजरात के बनासकांठा में होना है। पीएम-किसान की इस किस्त के लिए लगभग 19 हजार करोड़ रुपये की राशि का उल्लेख भी प्रधानमंत्री कार्यालय की सूचना में किया गया है।

हर किस्त में मिलते हैं 2,000 रुपये

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह रकम तीन बराबर किस्तों में सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाती है। यानी प्रत्येक किस्त में किसानों को 2,000 रुपये मिलते हैं।

सरकार के मुताबिक, योजना की पहली 23 किस्तों के माध्यम से अब तक पात्र किसानों को 4.47 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि वितरित की जा चुकी है। 24वीं किस्त के जारी होने से करोड़ों किसान परिवारों को एक बार फिर आर्थिक मदद मिलेगी।

इन किसानों को नहीं मिल सकता है योजना का लाभ

सरकार ने साफ किया है कि पीएम-किसान योजना का लाभ केवल पात्र किसान परिवारों को ही दिया जाता है। योजना के नियमों के तहत कुछ श्रेणियों के लोगों को इससे बाहर रखा गया है। इसके अलावा, जिन मामलों में पात्रता को लेकर संदेह है, वहां भौतिक सत्यापन पूरा होने तक भुगतान रोका जा सकता है।

पीएम-किसान पोर्टल पर दी गई जानकारी के अनुसार, जिन किसानों ने 1 फरवरी 2019 के बाद जमीन का स्वामित्व हासिल किया है या एक ही परिवार के एक से अधिक सदस्य योजना का लाभ ले रहे हैं, ऐसे कुछ मामलों में सत्यापन तक भुगतान अस्थायी रूप से रोका गया है।

e-KYC कराना जरूरी, ऐसे चेक करें अपना स्टेटस

पीएम-किसान योजना के तहत पंजीकृत किसानों के लिए e-KYC अनिवार्य है। अगर किसी किसान की e-KYC पूरी नहीं है या बैंक खाते और अन्य जरूरी जानकारियों में गड़बड़ी है, तो भुगतान में परेशानी हो सकती है।

किसान अपना लाभार्थी स्टेटस देखने के लिए पीएम-किसान की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाकर 'Know Your Status' विकल्प का इस्तेमाल कर सकते हैं। पोर्टल पर लाभार्थी सूची और अन्य जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं।

किसानों को सलाह है कि वे किसी अनजान लिंक या व्यक्ति के साथ बैंक खाते, OTP या अन्य गोपनीय जानकारी साझा न करें। किस्त से जुड़ी जानकारी के लिए केवल आधिकारिक पोर्टल का ही इस्तेमाल करें।