भारत और पोलैंड के बीच रणनीतिक संबंधों को और मजबूत करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क की आज नई दिल्ली में अहम द्विपक्षीय वार्ता निर्धारित है। पोलैंड के प्रधानमंत्री 21 से 23 अक्टूबर तक भारत की आधिकारिक यात्रा पर हैं। उनके साथ पोलैंड के वित्त एवं अर्थव्यवस्था मंत्री आंद्रेज डोमान्स्की और कारोबारी प्रतिनिधिमंडल भी भारत आया है।

भारत के विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस बैठक में दोनों नेता द्विपक्षीय संबंधों के सभी प्रमुख पहलुओं की समीक्षा करेंगे। इसके साथ ही आपसी हित से जुड़े क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। इस यात्रा से भारत और पोलैंड के बीच रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने तथा आर्थिक संबंधों को नई गति देने की उम्मीद है।

16 साल बाद पोलैंड के प्रधानमंत्री की भारत यात्रा

प्रधानमंत्री के रूप में डोनाल्ड टस्क की यह भारत की दूसरी यात्रा है। इससे पहले वह वर्ष 2010 में भारत आए थे। इसके अलावा, वर्ष 2017 में उन्होंने यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष के रूप में भारत-यूरोपीय संघ शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए नई दिल्ली का दौरा किया था।

अगस्त 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पोलैंड यात्रा के दौरान दोनों देशों के संबंधों को रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाया गया था। अब मौजूदा यात्रा के दौरान इस साझेदारी को और मजबूत करने के लिए विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग की समीक्षा की जाएगी।

 रक्षा और आधुनिक तकनीक में सहयोग पर जोर

भारत और पोलैंड के बीच रक्षा सहयोग बैठक का एक महत्वपूर्ण विषय है। दोनों देश रक्षा उद्योग, उभरती प्रौद्योगिकियों और सुरक्षा से जुड़े क्षेत्रों में आपसी सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा कर सकते हैं।

इसके साथ ही डिजिटल तकनीक, अंतरिक्ष, नवीकरणीय ऊर्जा और औद्योगिक सहयोग को भी आगे बढ़ाने पर जोर रहेगा। किसी नए रक्षा समझौते या संयुक्त परियोजना की जानकारी आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगी।

6 अरब डॉलर से अधिक का द्विपक्षीय व्यापार

भारत और पोलैंड के आर्थिक संबंध भी इस यात्रा के प्रमुख विषयों में शामिल हैं। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार पिछले वर्ष 6 अरब डॉलर से अधिक रहा था।

पोलैंड मध्य और पूर्वी यूरोप में भारत का एक प्रमुख व्यापारिक एवं निवेश साझेदार है। भारतीय कंपनियों ने भी पोलैंड में निवेश किया है। ऐसे में दोनों देशों के कारोबारी प्रतिनिधियों की मौजूदगी व्यापार, निवेश और औद्योगिक साझेदारी के नए अवसर तलाशने के लिहाज से महत्वपूर्ण है।

नई दिल्ली और बेंगलुरु में होंगे बिजनेस फोरम

भारत-पोलैंड बिजनेस फोरम की बैठक 22 अक्टूबर को नई दिल्ली और 23 अक्टूबर को बेंगलुरु में आयोजित करने की योजना है। इन बैठकों में दोनों देशों के कारोबारी प्रतिनिधि निवेश, व्यापार और औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर विचार करेंगे।

डोनाल्ड टस्क अपनी भारत यात्रा के दौरान बेंगलुरु भी जाएंगे। वहां वह सूचना प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष क्षेत्र और अन्य उद्योगों से जुड़े कारोबारी प्रतिनिधियों के साथ बातचीत करेंगे।

भारत-यूरोपीय संघ संबंधों को भी मिल सकती है मजबूती

भारत और पोलैंड के बीच बेहतर संबंधों का महत्व केवल द्विपक्षीय व्यापार तक सीमित नहीं है। पोलैंड यूरोपीय संघ का सदस्य है और दोनों देशों के बीच मजबूत सहयोग भारत तथा यूरोपीय संघ के व्यापक संबंधों को भी आगे बढ़ाने में मदद कर सकता है।

रक्षा, व्यापार, निवेश, शिक्षा, संस्कृति और लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने जैसे विषय दोनों देशों की साझेदारी के महत्वपूर्ण हिस्से हैं। अब सबकी नजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और डोनाल्ड टस्क की वार्ता के बाद जारी होने वाले आधिकारिक बयान पर रहेगी।